देहरादून, 17 जून 2026। राजधानी की जीवनरेखा मानी जाने वाली रिस्पना नदी को पुनर्जीवित करने के लिए जिला प्रशासन और नगर निगम ने संयुक्त रूप से व्यापक अभियान शुरू कर दिया है। मानसून से पहले नदी की सफाई, जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने और नदी संरक्षण को लेकर प्रशासन ने अभियान को युद्धस्तर पर तेज कर दिया है।
जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने गुरुवार को राजीव नगर क्षेत्र में रिस्पना नदी में चल रहे सफाई एवं पुनरुद्धार कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान महापौर सौरभ थपलियाल और मुख्य नगर आयुक्त आलोक कुमार पाण्डेय भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने मौके पर सफाई कार्यों की प्रगति का जायजा लेते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि मानसून से पहले रिस्पना नदी की व्यापक सफाई जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, ताकि वर्षाकाल में जल निकासी व्यवस्था सुचारू बनी रहे और नदी संरक्षण के प्रयासों को मजबूती मिल सके। उन्होंने कहा कि रिस्पना नदी को कूड़ाघर नहीं बनने दिया जाएगा तथा इसके पुनरुद्धार के लिए दीर्घकालिक और व्यवहारिक कार्ययोजना तैयार कर चरणबद्ध तरीके से कार्य किया जाएगा।
नगर निगम द्वारा मार्च 2026 से विशेष स्वच्छता अभियान संचालित किया जा रहा है। अभियान के तहत अब तक लगभग 17 हजार मीट्रिक टन कचरा उठाया जा चुका है। निगम की ओर से बिंदाल नदी के लगभग 8 किलोमीटर और रिस्पना नदी के लगभग 12 किलोमीटर क्षेत्र में व्यापक सफाई अभियान चलाया जा रहा है। इसके अलावा शहर के विभिन्न नदी-नालों और जलधाराओं की भी नियमित सफाई की जा रही है।
रिस्पना नदी की सफाई के लिए नगर निगम ने 12 जेसीबी मशीनें और 15 डम्पर लगाए हैं, जिनकी मदद से नदी क्षेत्र से कूड़ा, मलबा और अन्य अवरोध हटाए जा रहे हैं। जिला प्रशासन और नगर निगम की संयुक्त टीम लगातार अभियान को गति दे रही है।
जिलाधिकारी ने बताया कि नमामि गंगे एवं जिला स्वच्छता समिति के माध्यम से नदी संरक्षण के लिए व्यापक कार्ययोजना तैयार की जा रही है। इसके तहत नदी किनारे कूड़े के ढेर वाले स्थानों का चिन्हीकरण कर प्राथमिकता के आधार पर उन्हें हटाया जाएगा। साथ ही नदी में गिरने वाले बिना उपचारित (अनट्रीटेड) नालों के पानी के उपचार के लिए भी प्रभावी कदम उठाए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन, नगर निगम और संबंधित विभागों के समन्वित प्रयासों तथा दृढ़ इच्छाशक्ति से रिस्पना नदी के संरक्षण और पुनर्जीवन का लक्ष्य अवश्य हासिल किया जाएगा। जिलाधिकारी ने अभियान में सहयोग के लिए नगर निगम की सराहना करते हुए सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्यों में और तेजी लाने के निर्देश दिए।


