Wednesday, March 4, 2026
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केदारनाथ और हेमकुंड रोप वे की मंजूरी पीएम के दौरे से पहले बड़ी सौगात: भट्ट

 

 

देहरादून 5 मार्च। भाजपा ने केंद्रीय कैबिनेट में केदारनाथ और हेमकुंड रोप वे की मंजूरी पर खुशी जताते हुए इसे पीएम दौरे की बड़ी अग्रिम सौगात बताया है।

प्रदेश अध्यक्ष श्री महेंद्र भट्ट ने भक्तों की भगवान से दूरी कम करने वाले इन परियोजनाओं के लिए पीएम मोदी का आभार व्यक्त किया है। वहीं इसे स्थानीय पर्यटन व्यवसायियों के लिए स्वर्णिम युग लाने वाला बताया।

 

भट्ट ने पीएम के दौरे के लिए उत्तरकाशी रवाना होने के दौरान केंद्र से आई इस सूचना को इन पावन धामों की तस्वीर बदलने वाला बताया। उन्होंने कहा कि 2014 में पीएम बनने के बाद से केंद्र सरकार ने देवभूमि में अनेक ऐतिहासिक विकास के कार्य किए हैं। जिसमें श्री बद्रीनाथ श्री केदारनाथ धाम में हो रहे पुनर्निर्माण और सौंदर्यीकरण के प्रोजेक्ट ने वहां की भव्यता और दिव्यता को अधिक अलौकिक बनाया। इसी तरह ऑल वेदर रोड समेत अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर के निर्माण से अभूतपूर्व सुधार हुए, जिससे चार धाम यात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या नित नए रिकार्ड बना रही है।

 

उन्होंने कहा कि मोदी जी ने श्री केदारनाथ धाम और हेमकुंड साहिब की कठिन पैदल यात्रा में श्रद्धालुओं को होने वाली तकलीफों का अहसास किया। यही वजह है कि उन्होंने पर्वतमाला योजना में दोनों स्थानों में रोपवे प्रोजेक्ट निर्माण की घोषणा की थी। इसके बाद प्रोजेक्ट से जुड़े तमाम सर्वे और भौतिक रिपोर्टों को पूरा किया गया और अब जब पीएम मोदी आ रहे हैं तो उनके संज्ञान में जनता से किया यह वादा याद रहा। उन्होंने कहा कि जब भी पीएम देव भूमि आते हैं तब कोई न कोई सौगात देकर जाते हैं, लेकिन इस बार मोदी ने आने से पहले ही इसकी घोषणा कर देवभूमिवासियों का फिर से दिल जीत लिया है।

 

उन्होंने कहा कि इस प्रोजेक्ट से दोनों पावन स्थलों की दूरी घंटों से मिनटों में बदलने वाली है। लिहाजा हम कह सकते हम कि उनकी कैबिनेट की इस एक मंजूरी से भक्तों की अपने भगवान से दूरी कम करने वाली है। ये दोनों प्रोजेक्ट श्रद्धालुओं की सुगमता के साथ स्थानीय पर्यटन व्यवसाय के लिए स्वर्णिम युग लेकर आएगा। उन्होंने कहा, डबल इंजन सरकार के इस डबल सौगात के लिए प्रत्येक देवभूमिवासी प्रधानमंत्री का सदैव ऋणी रहेगा।

 

 

धार्मिक क्षेत्रों के अनुरक्षण और रोजगार तथा राजस्व में वृद्धि वाली है आबकारी नीति: भट्ट

  • सीएम एकल महिला स्वरोजगार योजना एक और पहल
  • छात्रों को राज्य आंदोलन और विभूतियों से अवगत कराना सांस्कृतिक सरंक्षण के प्रति सजग

देहरादून 3 मार्च। भाजपा ने नई आबकारी नीति को धार्मिक क्षेत्रों के अनुरक्षण के साथ रोजगार एवं राजस्व में वृद्धि करने वाला बताया है। इसके अलावा महिलाओं की स्थिति सुदृढ़ करने के लिए सीएम एकल महिला स्वरोजगार योजना को मातृ शक्ति के शासक्तिकरण के प्रति प्रतिबद्धता बताया।

 

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष राज्यसभा सांसद श्री महेंद्र भट्ट ने मुख्यमंत्री श्री पुष्कर धामी के नेतृत्व में लिए कैबिनेट के निर्णयों का स्वागत किया है। उन्होंने कहा, हमारी सरकार देवभूमि के स्वरूप को बरकरार रखते हुए राज्य के राजस्व में वृद्धि के प्रति कटिबद्ध है। चूंकि आबकारी किसी भी प्रदेश की आर्थिकी और रोजगार सृजन के लिए महत्वपूर्ण पक्ष है। जिसको लेकर धामी सरकार के नेतृत्व में साल दर साल तय लक्ष्यों से अधिक राजस्व प्राप्त हो रहा है।

 

उन्होंने कहा, नई आबकारी नीति में धार्मिक क्षेत्रों के निकटवर्ती इलाकों में शराब की दुकानों के प्रतिबंध की स्पष्टता को जरूरी बताया है। धार्मिक क्षेत्रों की महत्ता को ध्यान में रखते हुए उनके निकटवर्ती मदिरा अनुज्ञापनों को बंद करने का निर्णय देवभूमि की संस्कृति के अनुरूप है। हमारे लिए जनभावनाएं सर्वोच्च है, लिहाजा जहां तक संभव है, शराब की बिक्री पर और अधिक नियंत्रण किया जाए। उप-दुकानों और मैट्रो मदिरा बिक्री व्यवस्था की समाप्ति का निर्णय भी सराहनीय पहल है।

 

वहीं उन्होंने पर्वतीय क्षेत्रों में वाइनरी यूनिट के आबकारी शुल्क में 15 वर्षों की छूट का स्वागत किया है। इस कदम को कृषि व्यवस्था और स्थानीय रोजगार में वृद्धि के लिए बेहद अहम बताया है। इसके थोक अनुज्ञापन केवल उत्तराखंड निवासियों को जारी करने से राज्य में आर्थिक अवसर बढ़ेंगे। कृषकों और बागवानी क्षेत्र में कार्य करने वालों किए सरकार का यह निर्णय आर्थिक लाभ पहुंचाएगा। साथ ही इनके उत्पादों के निर्यात शुल्क में कटौती से राज्य में निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा।

 

उन्होंने सरकार द्वारा जन शिकायतों के मद्देनजर ओवर रेटिंग को लेकर किए कड़े प्रावधान का स्वागत किया है। वहीं नई आबकारी नीति को निवेश, रोजगार और राजस्व के नए आयाम खड़े करने वाला बताया।

 

भट्ट ने कहा कि धामी सरकार महिलाओं के उत्थान की दिशा मे कई निर्णय ले चुकी है। लखपति दीदी योजना इसका उदाहरण है। एक और पहल सीएम एकल महिला स्वरोजगार योजना के रूप मे सामने आयी जिसमे 2 लाख का प्रावधान किया गया है। वही मत्स्य मे ट्राउट के लिए भी नई योजना धरातल पर उतर रही है और यह युवाओं के लिए अधिक फायदेमंद साबित होगी। सरकार सांस्कृतिक सरंक्षण की दिशा मे गंभीर है और इसी कारण छात्रों को राज्य आंदोलन तथा विभूतियों कों कोर्स मे शामिल करने का निर्णय ले चुकी है।

 

 

हार से तिलमिलाई कांग्रेस पहले ईवीएम और अब मतदाता सूची पर फोड़ रही ठीकरा: चौहान

  • मतदाता सूची के अलावा मत भी जरूरी, कांग्रेस नेता ढूंढ रहे बचने का रास्ता

देहरादून। भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान ने कहा कि कांग्रेस उप चुनाव और निकाय चुनाव मे मिली हार से तिलमिला गयी है और अब हार के लिए बहाने तलाशने को मंथन कर रही है।

 

कांग्रेस के मतदाता सूची मे गड़बड़ी संबंधी आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि निर्वाचन कार्य पूर्ण कराने की सभी जिम्मेदारियों का निर्वहन निर्वाचन आयोग के पास है। मतदाता सूची भी आयोग के दिशा निर्देशन मे बीएलओ द्वारा तैयार की जाती है। उन्होंने कहा कि सूची मे गड़बड़ियां जो सामने आई है उसमे कांग्रेस ही नही, बल्कि भाजपा को भी नुकसान उठाना पड़ा है। लेकिन भाजपा ने भी सिस्टम को दोषी मानकर इसमें सुधार की गुंजाइश की उम्मीद जतायी, लेकिन कांग्रेस इसे भी ईवीएम की भाँति दुष्प्रचार कर खुद को पीड़ित दिखाने की कोशिश कर रही है।

 

चौहान ने कहा कि कांग्रेस मे टिकट बेचने, भीतरघात और गुटबाजी की गूंज निकाय चुनाव के दौरान आम रही है। हाल ही मे कांग्रेस हाईकमान द्वारा राज्य के नेताओं को तलब किया गया तो जमीनी हार से ध्यान बंटाने के लिए कांग्रेस अब हार के कारणों पर मंथन मे जुट गयी। इसके लिए उसने वही पुराना राग छेड़ दिया जो कि हास्यास्पद है। कांग्रेसी नेता अपनी कारगुजारियों से बचने के लिए अब मतदाता सूची की आड़ ले रहे हैं।

 

उन्होंने कांग्रेस को नसीहत दी कि महज मतदाता सूची ही नही उसके लिए मत भी जरूरी है। जन सरोकारों के मुद्दे पर हमेशा विरोध करने की सजा जनता उसे देती रही है और भविष्य मे भी मिलेगी। उन्होंने कहा कि लव जिहाद, लैंड जिहाद, या यूसीसी का विरोध कर रही कांग्रेस तुष्टिकरण से बाज नही आ रही है। सांस्कृतिक सरंक्षण और बदल रही डेमोग्राफी के खिलाफ बने भू कानून को भी वह पचा नही पा रही है। कांग्रेस जब तक जन की बात कर जन के पक्ष मे खड़ी नही होगी वह हार के लिए बहाने ही तलाशेगी। जनता उसकी हकीकत को बेहतर जानती है।

 

 

मा0 सीएम की जनमानस प्रथम के मंत्र को सार्थक करता जिला प्रशासन, प्रत्येक जनता दर्शन में जनमानस का बढता विश्वास

बिना अनुमति अनुपस्थित रहने पर सहायक श्रम आयुक्त का पुनः रोका 1 दिन का वेतन,

श्रम विभाग के संवेदनशील 03 प्रकरण 07 मार्च तक निस्तारित नही होने पर होगी प्रतिकूल प्रविष्टि।

अनाथ बालक की माफ कराई स्कूल फीस, बालिका के लोन माफी आवेदन पर सीएसआर फंड से दिलाया Relief

असहाय विधवा के रास्ते पर अतिक्रमण को मौके पर ही एसडीएम विकासनगर से सुलझाया

परिवार द्वारा उत्पीड़ित बुजुर्ग महिला को ‘सारथी’ से पंहुचाया गंतव्य पटेलनगर थाने, एसएचओ को प्राथमिकी दर्ज करने के निर्देश।

किरायेदार से परेशान महिला को बधी न्याय की आस, एसपी सिटी ने डीएम को दिया 02 दिन के अन्तर्गत निष्कासन का आश्वासन

देहरादून दिनांक 03 मार्च 2025, (सू.वि), जिलाधिकारी सविन बसंल की अध्यक्षता में प्रत्येक सोमवार की भांति आज ऋषिपर्णा सभागार में जनता दर्शन/जनसुनवाई का आयोजन किया गया। जनता दर्शन कार्यक्रम में 128 शिकायत प्राप्त हुई अधिकतर शिकायत भूमि मामलों से सम्बन्धित प्राप्त हुई इसके अतिरिक्त आपसी विवाद, श्रम विभाग, एमडीडीए, नगर निगम, पुलिस, परिवहन, शिक्षा,विद्युत, पीएमजीआईसी, खनन आदि विभागों से सम्बन्धित प्राप्त हुई।

श्रम विभाग से सम्बन्धित 03 शिकायतें प्राप्त हुई सहायक श्रमआयुक्त के बिना अनुमति अनुपस्थित  रहने से सुनवाई बाधित होने  पर उनका पुनः 1 दिन का वेतन रोकने के साथ ही शिकायतों पर 07 मार्च तक निस्तारित करने के निर्देश दिए, इससे पूर्व भी सहायक श्रमआयुक्त के उपस्थित न रहने पर 01 दिन का वेतन रोकने के निर्देश दिए गए थे। ऋषिकेश निवासी महिला पति के मृत्यु के उपरान्त मिलने वाली आर्थिक सहायता को भटक रही थी, उनके पति की मृत्यु जनवरी 2024 में हो गई थी, जिनका श्रम कार्ड पंजीकृत है, आर्थिक सहायता का फार्म जमा नही किया जा रहा है इधर से उधर भटका रहे हैं। वहीं एक अन्य प्रकरण में भवन स्वामी द्वारा मजदूरी न दिए जाने का प्रकरण था, जिस पर डीएम ने सहायक श्रमआयुक्त को 7 मार्च तक प्रकरण निस्तारित कर आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। समस्या का निस्तारण न होने पर दी प्रतिकूल प्रविष्टि की चेतावनी।

वहीं हरिपुर निवासी 80 वर्षीय बुजुर्ग की ने भूमाफियाओं द्वारा उनके घर के रास्ते एवं नाली पर अतिक्रमण कर कब्जा किये जाने की शिकायत की गई जिस पर डीएम ने उप जिलाधिकारी ऋषिकेश एवं पुलिस को कार्यवाही के निर्देश दिए। एक अन्य बजुर्ग महिला जिन्होंने पुत्रवधु द्वारा प्रताड़ित किये जाने की शिकायत की गई जिस पर डीएम ने एसएचओ पटेलनगर को कार्यवाही के निर्देश देते हुए महिला को सारथी वाहन से पटेलनगर थानें तक छुड़वाया। डालनवाला निवासी विधवा महिला ने अपनी शिकायत में बताया कि उन्होंने पति की मृत्यु के उपरान्त गांव की भूमि बेचकर डालनवाला में मकान एवं दुकान क्रय की है, जिसके किराये से उनका गुजारा चलता है, किरायेदार द्वारा उनके बेटे को मारने की धमकी दी गई है, जिस पर डीएम ने पुलिस को कार्यवाही के निर्देश दिए, जिस पर एसपी द्वारा 02 दिन के अन्तर्गत निष्कासन की कार्यवाही का आश्वासन दिया। वहीं विकासनगर अन्तर्गत एक विधवा महिला के रास्ते सम्बन्धी विवाद को डीएम ने एसडीएम विकासनगर के माध्यम से मौके पर ही सुलझाया।

जनता दर्शन में डीएल रोड निवासी दो भाई बहन जिनके माता पिता दोनो की मृत्यु हो गई है, पिता द्वारा पुत्री के नाम पर लोन लिया गया है, लोन माफी का अनुरोध किया गया है जिस पर डीएम ने सीएसआर फंड से रिलीफ दिलाया तथा बालक की फीस माफी हेतु मुख्य शिक्षा अधिकारी को सम्बन्धित विद्यालय से समन्वय के निर्देश दिए गए। वहीं दुरस्थ क्षेत्र चकराता,कांसी-बरोधा, खबोई-कोटा-तपलाड में रोडवेज बस सेवा शुरू करने के अनुरोध पर डीएम पर संभागीय परिवहन अधिकारी को कार्यवाही के निर्देश।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, अपर जिलाधिकारी के.के मिश्रा, एसपी यातायात मुकेश ठाकुर, संयुक्त मजिस्टेªट गौरी प्रभात, उप नगर आयुक्त गोपाल राम बिनवाल सहित सम्बन्धित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

 

सीएस श्रीमती राधा रतूड़ी ने स्कूलों में ईट राइट मूवमेंट के तहत स्थानीय मिलेट्स को मिड डे मील में शामिल करने के निर्देश दिए

 

*सहकारिता विभाग के माध्यम से मिलेट्स प्रोक्यूरमेंट*

*स्कूलों में मशरूम गार्डन विकसित करने हेतु भोजनमाताओं को प्रशिक्षण*

*स्कूलों के मशरूम गार्डन के विकास में छात्रों को भी शामिल कर भविष्य के Agro Entrepreneur के रूप में तैयार किया जाएगा*

*भोजनमाताओं की व्यक्तिगत स्वच्छता हेतु एसओपी का अनिवार्यतः पालन के निर्देश*

*सीएस ने मानसिक स्वास्थ्य की जानकारीे पाठ्यक्रमों में शामिल करने के निर्देश दिए*

मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी ने राज्य के स्कूलों में ईट राइट मूवमेंट के तहत मंडुआ, झंगौरा, स्थानीय भोजन को मिड डे मील में शामिल करने के निर्देश दिए हैं। शिक्षा विभाग को सहकारिता विभाग के माध्यम से मिलेट्स प्रोक्यूरमेंट के निर्देश दिए गए हैं। शुरूआत में राज्य में 6 माॅडल ईट राइट स्कूल विकसित किए जाएगें। इसके साथ ही उन्होंने स्कूलों में मशरूम गार्डन विकसित करने हेतु सभी भोजनमाताओं को तीन चरणों में मशरूम उत्पादन में प्रशिक्षित करने के निर्देश दिए हैं। इस सम्बन्ध में जिलाधिकारियों को उद्यान विभाग के माध्यम से मशरूम के बीजों की व्यवस्था हेतु निर्देश दिए गए हैं। मशरूम उत्पादन के लिए बेस मेटिरियल के रूप में पिरूल का उपयोग किया जाएगा ताकि उत्पादन लागत कम हो। प्रशिक्षित भोजनमाताओं द्वारा स्कूलों में मशरूम गार्डन विकसित करने की गतिविधि में छात्रों को भी सम्मिलित किया जा सकता है, ताकि भविष्य में वे कृषि उद्यमी ( Agro Entrepreneur ) के रूप में भी कार्य कर सके। सभी डीएम को खाली भूमि पर मिलेट्स की खेती के विस्तार की कार्ययोजना पर भी कार्य करने निर्देश दिए गए हैं। सीएस ने जिलाधिकारियों को ईट राइट मेले आयोजित करने को कहा है।

सीएस श्रीमती राधा रतूड़ी ने सचिवालय में राज्य स्तरीय क्रियान्वयन एवं अनुश्रवण समिति की 22वीं बैठक की अध्यक्षता के दौरान प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण (पी एम पोषण) की समीक्षा की।

मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी ने सभी जिलाधिकारियों को स्कूलों में क्षतिग्रस्त किचन की मरम्मत मनेरगा/विधायक निधि/वित्त आयोग/जिला योजना एवं अन्य सम्यक योजनाओं आदि से प्राथमिकता पर कराने निर्देश दिए हैं। उन्होंने सभी जनपदों से विद्यालयों में ‘‘विशेष भोज’’ के आयोजन एवं किचन गार्डन के आधार पर ग्रेडिंग प्रणाली की सूचना तत्काल प्रेषित करने के निर्देश दिए हैं। वर्ष 2025-26 में ग्रेडिंग प्रणाली को पुनरीक्षित किया जाएगा। सीएस ने पीएम पोषण के तहत भोजनमाताओं की व्यक्तिगत स्वच्छता हेतु एसओपी तैयार करते हुए अनिवार्यतः पालन सुनिश्चित कराये जाने के निर्देश दिए हैं।

आज की बैठक में पीएम पोषण से जनपद देहरादून का 01 सहायता प्राप्त विद्यालय, हरिद्वार के 06 मदरसों एवं जनपद ऊधमसिंह नगर के 02 मदरसों को योजना से आच्छादित करने पर मुख्य सचिव श्रीमती रतूड़ी ने अनुमोदन प्रदान किया। इसके साथ ही वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण (पीएम पोषण) के तहत प्रदेश में 06 ईट राइट स्कूल विकसित करने हेतु भारत सरकार को प्रस्ताव भेजने पर तथा वित्तीय वर्ष 2025-26 में पीएम पोषण के तहत 120 भोजनमाताओं को मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए धनराशि उपलब्ध कराने हेतु भारत सरकार को प्रस्ताव प्रेषित करने पर अनुमति प्रदान की।

मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी ने शिक्षा विभाग को छात्रों के लिए सप्ताह में एक पीरियड स्वास्थ्य सम्बन्धित जानकारी हेतु अनिवार्यतः आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। चिकित्सकों की कमी को देखते हुए मुख्य सचिव ने स्कूलों में बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच हेतु सरकारी चिकित्सकों के साथ ही निजी डाॅक्टर्स, मेडिकल इन्टर्न, पेरा मेडिकल स्टाफ एवं आयुष डाॅक्टर्स की सहायता लेने के निर्देश दिए हैं। स्कूली बच्चों के शारीरिक स्वास्थ्य के साथ ही मानसिक स्वास्थ्य को अति आवश्यक बताते हुए मुख्य सचिव श्रीमती रतूड़ी ने प्रत्येक कक्षा के पाठ्यक्रम में इसकी जानकारी सम्मिलित करने के निर्देश दिए हैं।

बैठक में सचिव श्री रविनाथ रमन, महानिदेशक शिक्षा श्री बंशीधर तिवारी सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी एवं वर्चुअल माध्यम से सभी जिलाधिकारी मौजूद रहे।

Uttarakhand Budget Session : उत्तराखंड बजट सत्र का आज पांचवां दिन, पहाड़-मैदान की बात पर सदन में हंगामा

Uttarakhand Budget Session : उत्तराखंड बजट सत्र का आज पांचवां दिन है। कल भू कानून समेत दस विधेयक पारित हुए थे। आज बजट पारित होगा।

SOUL Conclave : भूटान के प्रधानमंत्री ने पीएम मोदी को बताया अपना मार्गदर्शक और बड़ा भाई

पहाड़-मैदान की बात पर सदन में हंगामा

सदन में संसदीय कार्यमंत्री के बयान पर विपक्ष ने हंगामा कर दिया । नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने संसदीय कार्यमंत्री प्रेमचंद अग्रवाल पर असंसदीय भाषा का इस्तेमाल करने का आरोप लगाया। उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष से कार्रवाई करने की मांग की। संसदीय कार्यमंत्री ने कहा कि मैंने सदन में ही अपना पक्ष स्पष्ट कर दिया था। पहाड़ मैदान की बात को लेकर सदन में हंगामे पर विधानसभा अध्यक्ष भड़क गईं। उन्होंने विपक्षी सदस्यों को फटकार लगाई।कांग्रेस के एक विधायक ने सदन में कागज फाड़ा। इसके बाद उन्होंने सदन से वॉकआउट कर दिया।

एक लाख करोड़ से ज्यादा का है बजट

गुरुवार को सरकार ने वित्तीय वर्ष 2025-26 (Uttarakhand Budget Session) के लिए 101175.33 करोड़ रुपये का बजट पेश किया था। जारी वित्तीय वर्ष से इस बार का बजट 13.38 प्रतिशत अधिक है। 24 वर्षों में बजट का आकार 24 गुना बढ़ा है। पहली बार राज्य का बजट एक लाख करोड़ रुपये के पार पहुंचा है।

जमीन की खरीद फरोख्त रुकेगी-सीएम धामी

धामी सरकार का सशक्त भू-कानून शुक्रवार को विधानसभा में पास हो गया। इसके साथ ही हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर छोड़कर अन्य 11 जिलों में जमीनों की अवैध, गैर कानूनी खरीद-फरोख्त पर पूर्ण प्रतिबंध लग गया। यहां कृषि और औद्योनिकी के लिए बाहरी व्यक्ति जमीन नहीं खरीद सकेंगे। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सदन में कहा कि यह तो अभी शुरुआत है, देवभूमि के भौगोलिक, सांस्कृतिक स्वरूप को कायम रखने के लिए बदलाव अनवरत जारी रहेंगे।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज बजट सत्र से पहले मुख्यमंत्री आवास में विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण से शिष्टाचार भेंट की।

सदन में 10 विधेयक हुए पारित

बजट सत्र के चौथे दिन सदन में 10 विधेयक पास हुए। इनमें उत्तराखंड राज्य विधानसभा (सदस्यों की उपलब्धियां और पेंशन) (संशोधन) विधेयक-2025 रखा गया, तो विधायक मो. शहजाद ने संशोधन की बात कही। इसे सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया गया। इसके अलावा नगर निकायों एवं प्राधिकरणों हेतु विशेष प्राविधान (संशोधन) विधेयक-2025, उत्तराखंड निक्षेपक (जमाकर्ता) हित संरक्षण (वित्तीय अधिष्ठानों में) (निरसन) विधेयक-2025, उत्तराखंड नगर एवं ग्राम नियोजन तथा विकास (संशोधन) विधेयक-2025 पारित हुआ। उत्तराखंड राज्य क्रीड़ा विश्वविद्यालय विधेयक, उत्तराखंड उत्तर प्रदेश लोक सेवा (शारीरिक रूप से विकलांग, स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के आश्रित और पूर्व सैनिकों के लिए आरक्षण) अधिनियम 1993 (संशोधन) विधेयक-2025, उत्तराखंड लोक सेवा (कुशल खिलाड़ियों के लिए क्षैतिज आरक्षण)(संशोधन) विधेयक-2025, उत्तराखंड निजी विश्वविद्यालयों (संशोधन) विधेयक-2025 और उत्तराखंड (उत्तर प्रदेश जमींदारी विनाश और भूमि व्यवस्था अधिनियम 1950) (संशोधन) विधेयक-2025 पारित हुआ।

विपक्षी विधायक ने कागज फाड़ा, लगी फटकार

उत्तराखंड में विधानसभा सत्र का आज पांचवां दिन है। गुरुवार को बजट पेश होने के बाद शुक्रवार को सदन में बजट पर चर्चा हुई। साथ ही दस विधेयक भी पारित हुए। आज सदन में कार्यस्थगन के साथ ही बजट पास होगा। इसके साथ ही बजट सत्र अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया जाएगा।

BBC India FEMA violation : BBC इंडिया पर बड़ा एक्शन, ED ने लगाया 3 करोड़ से ज्यादा का जुर्माना

SOUL Conclave : भूटान के प्रधानमंत्री ने पीएम मोदी को बताया अपना मार्गदर्शक और बड़ा भाई

SOUL Conclave : भूटान के प्रधानमंत्री शेरिंग तोबगे ने भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना बड़ा भाई और मार्गदर्शक बताया। प्रधानमंत्री तोबगे ने पीएम मोदी से उनका मार्गदर्शन करने का अनुरोध किया, ताकि वह अपने देश की सार्वजनिक सेवा में परिवर्तन लाने में योगदान दे सकें। नई दिल्ली में ‘स्कूल ऑफ अल्टीमेट लीडरशिप’ (एसओयूएल) सम्मेलन में अपने भाषण के दौरान तोबगे ने हिंदी का खुलकर इस्तेमाल किया। इस पर भी दर्शकों ने खूब तालियां बजाईं।

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उन्होंने कहा, ‘इसमें कोई संदेह नहीं है कि मैं आपमें एक बड़े भाई की छवि देखता हूं, जो हमेशा मेरा मार्गदर्शन करते हैं और मेरी मदद करते हैं।’ शेरिंग ने एसओयूएल पहल का श्रेय पीएम मोदी को देते हुए कहा कि यह प्रामाणिक नेताओं को विकसित करने और उन्हें भारत के महान गणराज्य की सेवा करने के लिए सशक्त बनाने की उनकी अटूट प्रतिबद्धता का एक और प्रमाण है।

अपने संबोधन में भूटानी प्रधानमंत्री ने विनम्रतापूर्वक कहा कि वह इस कार्यक्रम में नेतृत्व का पाठ पढ़ाने नहीं बल्कि ‘एक छात्र के रूप में सीखने’ आए हैं। उन्होंने जोर देकर कहा, ‘नेतृत्व का मतलब उपाधियों से नहीं है, पदों से नहीं है, यह दूरदृष्टि, साहस और बदलाव के लिए प्रेरित करने की क्षमता से है। नेतृत्व का मतलब परिवर्तन से है, यह समाज को उस स्थान से ले जाने से है जहां वह आज खड़ा है, और इसे ऐसे भविष्य की ओर ले जाने से है जो सभी के लिए अधिक समृद्ध, अधिक शांतिपूर्ण और खुशहाल हो।’

उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि एक नेता वह देखता है जो दूसरे अभी तक नहीं देख पाए हैं, वह उस पर विश्वास करता है जिस पर दूसरे संदेह कर सकते हैं, और जहां दूसरे हिचकिचाते हैं वह वहां कार्रवाई करता है। तोबगे ने कहा, ‘आदरणीय प्रधानमंत्री, मेरे बड़े भाई, आपने अपनी बुद्धिमता, साहस और करुणा से भरे नेतृत्व से भारत को 10 वर्षों में ही प्रगति के पथ पर अग्रसर कर दिया है।’

पीएम मोदी ने भूटानी प्रधानमंत्री द्वारा की गई प्रशंसा को हाथ जोड़कर स्वीकार किया। तोबगे ने ‘मेक इन इंडिया’, ‘डिजिटल इंडिया’, ‘स्वच्छ भारत’ जैसी सरकार की पहलों को पीएम मोदी का ‘राष्ट्र को उपहार’ बताया। उन्होंने कहा कि मोदी के नेतृत्व ने बड़ी संख्या में लोगों को गरीबी से बाहर निकाला और इसने भारतीय अर्थव्यवस्था को ‘नई ऊंचाइयों’ पर पहुंचाया है।

7th Common Review Mission : श्रीमती राधा रतूड़ी ने 7वें कॉमन रिव्यू मिशन की बैठक में किया प्रतिभाग

BBC India FEMA violation : BBC इंडिया पर बड़ा एक्शन, ED ने लगाया 3 करोड़ से ज्यादा का जुर्माना

नई दिल्ली। BBC India FEMA violation :  विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (फेमा) के उल्लंघन मामले में ईडी ने बीबीसी व‌र्ल्ड सर्विस इंडिया पर 3,44,48,850 रुपये की पेनाल्टी लगाई है। इसके साथ ही उस समय कंपनी के आपरेशंस को देख रहे तीनों निदेशकों पर अलग-अलग 1,14,82,950 रुपये की पेनाल्टी लगाई है।

7th Common Review Mission : श्रीमती राधा रतूड़ी ने 7वें कॉमन रिव्यू मिशन की बैठक में किया प्रतिभाग

विदेशी निवेश नियमों का किया उल्लंघन

बीबीसी व‌र्ल्ड सर्विस इंडिया (BBC India FEMA violation) पर डिजिटल मीडिया में 26 प्रतिशत विदेशी निवेश की सीमा का नियम लगाने के बाद भी सौ प्रतिशत विदेशी निवेश जारी रखने का आरोप है। ईडी की ओर से 21 फरवरी को जारी आदेश के अनुसार, बीबीसी व‌र्ल्ड सर्विस इंडिया पर पेनाल्टी नहीं जमा करने की स्थिति में प्रतिदिन पांच हजार रुपये के जुर्माने का प्रविधान है। यह जुर्माने की राशि 15 अक्टूबर, 2021 से ली जाएगी।

जानबूझकर 100 प्रतिशत विदेशी निवेश जारी रखा

दरअसल, डिपार्टमेंट आफ प्रमोशन आफ इंडस्ट्री एंड इंटरनल ट्रेड ने 18 सितंबर, 2019 को प्रेस नोट जारी कर डिजिटल मीडिया में विदेशी निवेश की सीमा 26 प्रतिशत निर्धारित किए जाने की जानकारी दी थी। इसी प्रेस नोट में कंपनियों को नए नियम के मुताबिक विदेशी निवेश को 26 प्रतिशत तक लाने के लिए 15 अक्टूबर, 2021 तक का समय दिया गया था। लेकिन बीबीसी व‌र्ल्ड सर्विस इंडिया के निदेशकों ने जानबूझकर इस समयसीमा का उल्लंघन किया और 100 प्रतिशत विदेशी निवेश जारी रखा।

चुकानी होगा पूरा जुर्माना, निदेशक भी फंसे

ईडी के आदेश के अनुसार, अब बीबीसी व‌र्ल्ड सर्विस इंडिया को 15 अक्टूबर, 2021 के बाद पेनाल्टी की पूरी रकम 3.44 करोड़ रुपये जमा करने के दिन तक प्रतिदिन पांच हजार रुपये के हिसाब से जुर्माना भी देना होगा। बीबीसी व‌र्ल्ड सर्विस इंडिया के तत्कालीन तीनों निदेशकों गिल्स एंटनी हंट, इंदु शेखर सिन्हा और पाल मिशेल गिबन्स को विदेशी निवेश के नए नियम का जानबूझकर पालन नहीं करने का दोषी पाया गया है।

इसे देखते हुए ईडी ने इन तीनों पर अलग-अलग पेनाल्टी लगाने का फैसला किया। दरअसल, ईडी ने चार अक्टूबर, 2023 को बीबीसी व‌र्ल्ड सर्विस इंडिया और उसके तीनों निदेशकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। लेकिन वे 26 प्रतिशत विदेशी निवेश की सीमा का पालन नहीं करने का कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए।

बीबीसी ने कहा- आदेश मिलते ही उचित कदम उठाएंगे

बीबीसी के प्रवक्ता ने समाचार एजेंसी प्रेट्र को दिए एक बयान में कहा, ”इस समय न तो बीबीसी व‌र्ल्ड सर्विस इंडिया और न ही इसके निदेशकों को ईडी से कोई न्यायिक आदेश प्राप्त हुआ है। बीबीसी भारत सहित उन सभी देशों के नियमों के तहत काम करने के लिए प्रतिबद्ध है, जहां हम कार्यरत हैं। जब भी कोई आदेश प्राप्त होगा, हम उसकी सावधानीपूर्वक समीक्षा करेंगे और अगले उचित कदमों पर विचार करेंगे।”

17th Agricultural Science Conference में मुख्यमंत्री धामी ने बतौर मुख्यातिथि प्रतिभाग किया

7th Common Review Mission : श्रीमती राधा रतूड़ी ने 7वें कॉमन रिव्यू मिशन की बैठक में किया प्रतिभाग

देहरादून: 7th Common Review Mission  मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी तथा भारत सरकार, ग्रामीण विकास मंत्रालय के तहत 7वें कॉमन रिव्यू मिशन का नेतृत्व कर रहे श्री संजय अग्रवाल (सेनानिवृत आईएएस, पूर्व सचिव कृषि एवं कृषक कल्याण) ने राज्य में कॉमन रिव्यू मिशन से अपेक्षाओं के सम्बन्ध में आज विधानसभा भवन में बैठक ली।

17th Agricultural Science Conference में मुख्यमंत्री धामी ने बतौर मुख्यातिथि प्रतिभाग किया

सीआरएम (कॉमन रिव्यू मिशन) द्वारा 7वें कॉमन रिव्यू मिशन के तहत मुख्य सचिव एवं ग्रामीण विकास, जलागम, पंचायती राज सहित सभी संबंधित विभागों से राज्य की विशेष परिस्थितियों के अनुरूप वर्तमान में संचालित योजनाओं में आवश्यक बदलावों के सम्बन्ध में सुझाव मांगे गए हैं। सीआरएम द्वारा ग्राम्य विकास से सम्बन्धित विभिन्न योजनाओं से बेहतर परिणाम प्राप्त करने हेतु प्रत्येक योजना में कम से कम 5 इनोवेटिव सुझाव मांगे गए हैं। इसके साथ ही सीआरएम सदस्यों ने राज्य में योजनाओं के क्रियान्वयन दौरान अपनायी जा रही बेस्ट प्रैक्टिसेज का विवरण भी सीआरएम को देने के निर्देश दिए हैं। सीआरएम द्वारा राज्य में योजनाओं के क्रियान्वयन के दौरान आ रही समस्याओं, बाधाओं एव कमियों से भी अवगत कराने के निर्देश दिए हैं, ताकि उनमें आवश्यक सुधार किया जा सके।

मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी ने राज्य के विशेष परिस्थितियों के अनुरूप कुछ योजनाओं में नीतिगत स्तर पर आवश्यक सुधारों की बात कही। उन्होंने मनेरगा के तहत सेवा क्षेत्र को सम्मिलित करने तथा वॉटर शेड प्रोग्राम में राज्य के विशेष परिस्थितियों के अनुकूल सुधार के सुझाव दिए हैं।

ग्रामीण विकास मंत्रालय, भारत सरकार का 7वां कॉमन रिव्यू मिशन (सी०आर०एम०) 18 फरवरी से 02 मार्च तक प्रस्तावित है। सी०आर०एम० को ग्रामीण विकास कार्यक्रमों के प्रकरणों को समझने एवं बेहतर सार्वजनिक सेवा वितरण हेतु सुझाव देने का कार्य सौंपा गया है। 7वां सी०आर०एम० श्री संजय अग्रवाल, पूर्व सचिव, कृषि एवं कृषक कल्याण मंत्रालय द्वारा लीड किया जा रहा है, जिसके अन्तर्गत विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ, वरिष्ठ शिक्षाविदों सहित कुल 36 सदस्यों द्वारा उत्तराखंड सहित 09 राज्यों का दौरा किया जायेगा।

सी०आर०एम० के सदस्यों द्वारा 21 फरवरी को राज्य के अधिकारियों के साथ मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी की अध्यक्षता में ब्रीफिंग सेशन किया गया, तत्पश्चात् सदस्य दो समूहों में गठित होकर 22 फरवरी से दिनांक 24 फरवरी तक दो जनपदों का दौरा करेंगे, जिसके उपरान्त सचिवालय में 25 फरवरी को सभी सदस्य पुनर्गठित होकर सचिव, ग्राम्य विकास विभाग की अध्यक्षता में डीब्रीफिंग सत्र में प्रतिभाग करेंगे।

बैठक में सचिव श्रीमती राधिका झा, श्री चन्द्रेश कुमार, अपर सचिव श्री मनुज गोयल सहित सभी संबंधित विभागों के अपर सचिव एवं अधिकारी मौजूद रहे।

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17th Agricultural Science Conference में मुख्यमंत्री धामी ने बतौर मुख्यातिथि प्रतिभाग किया

देहरादून: 17th Agricultural Science Conference  मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में आयोजित ‘17वें कृषि विज्ञान सम्मेलन’ में बतौर मुख्यातिथि प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह गर्व का विषय है कि कृषि क्षेत्र के आधुनिकीकरण एवं कृषकों का उत्थान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से इस प्रतिष्ठित सम्मेलन को देवभूमि उत्तराखंड की पुण्य धरा में आयोजित किया जा रहा है। ऐसे सम्मेलनों के द्वारा जहां एक ओर किसान भाईयों को कृषि से जुड़ी नवीनतम तकनीकों, शोध परिणामों एवं उत्तम बीज-खाद आदि के विषय में जानने का अवसर प्राप्त होता है, वहीं दूसरी ओर यहाँ पर लगे विभिन्न स्टॉलों के माध्यम से उन्हें औद्यानिकी, पशुपालन एवं जैविक खेती जैसी कृषि की अन्य विधाओं के बारे में भी विषय विशेषज्ञों से महत्वपूर्ण मार्गदर्शन भी मिलता है। उन्होंने कृषि जगत के इतने महत्वपूर्ण एवं प्रतिष्ठित सम्मेलन को सफलतापूर्वक आयोजित करने के लिए गोविन्द बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय को बधाई दी।

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मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में आज उत्तराखंड को कुशल एवं समृद्ध बनाने के लिए व्यापक स्तर पर प्रयास किए जा रहे है। आज मोदी सरकार द्वारा जहां एक ओर देश में विभिन्न योजनाओं, अभियान के माध्यम से कृषि उपज बढ़ाने की दिशा में कार्य किये जा रहे हैं, वहीं किसानों की आय में बढ़ाने की दिशा में निरंतर प्रयास किये जा रहे हैं।

राज्य सरकार भी प्रदेश के किसानों की उत्थान एवं समृद्धि हेतु संकल्पित होकर निरंतर कार्य कर रही है। वर्तमान में प्रदेश में किसानों को तीन लाख रुपए तक का ऋण बिना ब्याज के देने के साथ ही फार्म मशीनरी बैंक योजना के अंतर्गत कृषि उपकरण खरीदने एवं एप्पल मिशन के अंतर्गत सेब के बागान लगाने पर 80 फीसदी की सब्सिडी दी जा रही है। चाय बागान धौला देवी, मुनस्यारी एवं बेतालघाट को जैविक चाय बागान के रूप परिवर्तित किये जाने का काम किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में सगंध खेती को भी बढ़ावा देने की दिशा में तेजी से कार्य कर रही है। 6 एरोमा वैली विकसित करने की योजना पर भी कार्य किया जा रहा है। विभिन्न योजनाओं, नवाचारों एवं प्रशिक्षणों के माध्यम से उत्तराखंड के किसानों को प्रशिक्षित करने का कार्य किया जा रहा है। इस बार के बजट में किसानों एवं पशुपालकों के उत्थान के लिए 463 करोड़ का रूपये का अलग से प्रावधान किया है।

उन्होंने कहा कि अन्नदाताओं का उत्थान सुनिश्चित करने कि दिशा में गोविन्द बल्लभ कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय पंतनगर लम्बे समय से कार्य कर रहा है। 1960 से लेकर लगातार यह विश्वविद्यालय न केवल कृषि एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में निरंतर नए-नए शोध कार्य कर रहा है, बल्कि देश में प्रतिभावान वैज्ञानिकों और इंजीनियरों की नई पौध को भी विकसित करने का महत्वपूर्ण कार्य कर रहा है। इसी क्रम में यहां आयोजित हो रहा ये कृषि विज्ञान सम्मेलन उत्तराखंड के साथ-साथ पूरे देश के कृषि क्षेत्र में वैज्ञानिक दृष्टिकोण को और अधिक समृद्ध करने में सहायक सिद्ध होगा।

उन्होंने इस सम्मेलन में आए किसानों से आह्वान किया कि यहां लगाए गए विभिन्न स्टॉलों को देखने के  साथ-साथ इस सम्मेलन के दौरान पर्वतीय क्षेत्रों की कृषि में नवाचार, डिजिटल कृषि, जलवायु परिवर्तन और स्मार्ट पशुधन पालन जैसे विभिन्न विषयों पर आयोजित होने वाली पैनल चर्चाओं एवं सेमिनार में भी अवश्य प्रतिभाग करें। मुख्यमंत्री ने आशा व्यक्त की कि इस सम्मेलन से नई-नई तकनीकों के साथ-साथ कृषि एवं पशुपालन क्षेत्र के प्रति एक नया विजन सामने आयेगा।

गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ एम एस चौहान ने सम्मेलन में सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि सम्मेलन में 16 देशों के वैज्ञानिक इस कृषि महाकुम्भ में प्रतिभाग कर रहे हैं, साथ ही 500 से अधिक प्रगतिशील कृषक भी प्रतिभाग कर रहे है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के सहयोग व प्रेरणा से इस कृषि सम्मेलन का आयोजन संभव हो पाया है।

इस दौरान मेयर विकास शर्मा, गजराज बिष्ट, दर्जामंत्री अनिल कपूर डब्बू, आईजी डॉ योगेन्द्र सिंह रावत, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, एसएसपी मणिकान्त मिश्रा, विभिन्न विश्वविद्यालयों के कुलपति, राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय संस्थानों के विभागाध्यक्ष, वैज्ञानिक और कृषक उपस्थित थे।

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